एयरटेल कम्पनी के टावरों से हार्डवेयर मशीन चोरी,पुलिस ने गिरोह के 04 शातिर अभियुक्तो किया गिफ्तार
देहरादून। दिनांक 21-01-2024 की रात्रि में लोकेश चौधरी (सिक्योरिटी इंचार्ज) निवासी ट्राँसपोर्ट नगर संधु सेन्टर ने कोतवाली पटेलनगर को अवगत कराया कि देहरादून में कई स्थानों पर उनके एयर टेल के टावर लगे है, जिनमे कई टावरों में अचानक खराबी आने पर चैक किया गया तो आईएसबीटी क्षेत्र के दो टावरों से चार आर0आर0यू0 हार्डवेयर किसी ने केविल काट कर चोरी कर लिए है, जिनमें से प्रत्येक की कीमत लगभग 02 लाख रू0 से अधिक है। जिस पर उच्चाधिकारीगणों को सूचित करते हुए कोतवाली पटेलनगर पर तत्काल अभियोग पंजीकृत किया गया।
घटना के अनावरण एंव अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून द्वारा प्रभारी निरीक्षक पटेलनगर को आवश्यक दिशा-निर्देश दिये गये। दिये गये निर्देशों के अनुपालन में कार्यवाही करते हुए पुलिस टीम द्वारा घटना स्थलों का मुआयना करते हुए आस-पास लगे सीसीटीवी कैमरों को चैक किया गया, साथ ही पुराने अभियुक्तों का सत्यापन करते हुए मुखबिर तंत्र को भी सक्रिय किया गया।
पुलिस टीम द्वारा किये जा रहे लगातार प्रयासों के परिणामस्वरूप पुलिस टीम द्वारा मुखबिर खास की सूचना पर चोरी की घटना को अंजाम देने वाले 04 अभियुक्तों 01: मनीष रघुवंशी, 02: यश राणा 03: दीपक तथा 04- अक्षय बालियान को चंद्रबनी चौक के पास से गिरफ्तार किया गया। जिनकी निशानदेही पर चद्रबनी के जंगलों में छिपा कर रखी गयी 08 आर0आर0यू0 हार्डेवेयर मशीने बरामद की गयी, जिनकी कुल अनुमानित कीमत लगभग 16 लाख रू0 से अधिक है।
पूछताछ में अभियुक्त मनीष द्वारा बताया गया कि वो काफी समय से एक टावर कम्पनी में काम करता है तथा मोहकमपुर में किराए के मकान में रहता है। उसे इन टावरों के विषय में पूर्ण जानकारी है, जल्द पैसा कमाने के चक्कर में उसके द्वारा चोरी की योजना बनाई गयी तथा घटना को अजांम देने के लिये उसने अपने अन्य 03 साथियों को देहरादून बुलाया। इन चारों के द्वारा नेहरू कालोनी तथा आईएसबीटी क्षेत्र से 04-04 (कुल 08) आर0आर0यू0 हार्डवेयर मशीनें चोरी की गई। पूछताछ के दौरान अभियुक्तों ने पूर्व में मेरठ तथा बागपत में भी इसी तरह चोरी की घटनाओ को किया जाना बताया गया। अभियुक्तों को मौके से चोरी के शत प्रतिशत माल के साथ गिरफ्तार किया गया, अभियुक्तों को समय से मां0 न्यायालय के समक्ष पेश किया गया, अभियुक्तों के अन्य आपराधिक इतिहास के विषय में जानकारी की जा रही है।
